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Byline: Up24Hindi | Date: 17 मार्च 2026

उत्तर प्रदेश के वाराणसी से एक वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने धार्मिक और सामाजिक स्तर पर बड़ा विवाद खड़ा कर दिया है। यह मामला गंगा नदी के बीच नाव पर आयोजित की गई एक इफ्तार पार्टी से जुड़ा है। वीडियो सामने आने के बाद जहां एक तरफ कुछ लोग इसे सामान्य आयोजन बता रहे हैं, वहीं दूसरी ओर कई संगठनों ने इसे धार्मिक भावनाओं से जोड़ते हुए कड़ी आपत्ति जताई है।
क्या है पूरा मामला?

जानकारी के अनुसार, पवित्र महीने रमजान के दौरान इफ्तार के समय कुछ मुस्लिम युवक गंगा नदी में नाव लेकर पहुंचे और वहीं बीच धारा में इफ्तार पार्टी का आयोजन किया। इस दौरान उन्होंने खाने-पीने की व्यवस्था की और पूरे कार्यक्रम का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर अपलोड कर दिया।

वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि युवक नाव पर बैठकर इफ्तार कर रहे हैं, जिसमें कथित रूप से नॉन-वेज खाना भी शामिल था। जैसे ही यह वीडियो वायरल हुआ, लोगों के बीच इसको लेकर बहस शुरू हो गई।
आरोपों ने बढ़ाया विवाद

इस पूरे मामले ने तब और तूल पकड़ लिया जब भारतीय जनता युवा मोर्चा के महानगर अध्यक्ष ने गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि इफ्तार पार्टी के दौरान गंगा के बीच चिकन बिरयानी खाई गई और खाने के बाद उसकी हड्डियां नदी में फेंक दी गईं।

उन्होंने आरोप लगाया कि यह कार्य न सिर्फ धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाला है, बल्कि इससे गंगा नदी की पवित्रता भी प्रभावित हुई है। उन्होंने इसे “गंगा का अपमान” बताते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।



पुलिस में शिकायत और कार्रवाई

मामला सामने आने के बाद भाजपा युवा मोर्चा की ओर से स्थानीय पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई गई। शिकायत में कहा गया कि इस आयोजन में शामिल सभी लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही नाव संचालक पर भी कार्रवाई की मांग की गई।

शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने तुरंत संज्ञान लिया और जांच शुरू कर दी। कोतवाली थाना पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर लिया है। प्रारंभिक जांच के बाद पुलिस ने 14 लोगों को गिरफ्तार भी किया है।

पुलिस क्या कह रही है?

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, वायरल वीडियो की जांच की जा रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि आरोप कितने सही हैं। फिलहाल पुलिस ने एहतियातन कार्रवाई करते हुए संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।

अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच में यह साबित होता है कि गंगा नदी में किसी प्रकार की गंदगी या अपमानजनक कार्य किया गया है, तो आरोपियों के खिलाफ और सख्त कार्रवाई की जाएगी।

सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रिया

वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कुछ लोग इसे धार्मिक स्वतंत्रता का हिस्सा बता रहे हैं और कह रहे हैं कि इफ्तार कहीं भी किया जा सकता है। वहीं दूसरी ओर बड़ी संख्या में लोग इसे अनुचित बता रहे हैं और गंगा नदी की पवित्रता बनाए रखने की बात कर रहे हैं।

कई यूजर्स ने यह भी सवाल उठाया कि क्या इस तरह के आयोजन सार्वजनिक और धार्मिक रूप से महत्वपूर्ण स्थानों पर करना सही है? वहीं कुछ लोगों ने प्रशासन से ऐसे मामलों में सख्ती बरतने की मांग की है।
गंगा की पवित्रता का मुद्दा

गंगा नदी को भारत में अत्यंत पवित्र माना जाता है। करोड़ों लोग इसे आस्था और श्रद्धा का प्रतीक मानते हैं। ऐसे में जब भी गंगा से जुड़ा कोई विवाद सामने आता है, वह तेजी से भावनात्मक रूप ले लेता है।

विशेषज्ञों का कहना है कि गंगा नदी को साफ और स्वच्छ बनाए रखना सभी नागरिकों की जिम्मेदारी है, चाहे वह किसी भी धर्म या समुदाय से हों। इस तरह की घटनाएं समाज में तनाव पैदा कर सकती हैं, इसलिए सभी को संवेदनशीलता के साथ व्यवहार करना चाहिए।

कानून और व्यवस्था पर सवाल

इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि सार्वजनिक और धार्मिक स्थलों पर इस तरह के आयोजनों को लेकर स्पष्ट नियम होने चाहिए या नहीं। क्या प्रशासन को पहले से ऐसे आयोजनों पर निगरानी रखनी चाहिए?

स्थानीय लोगों का कहना है कि गंगा घाटों पर पहले भी कई तरह के आयोजन होते रहे हैं, लेकिन इस तरह के विवाद पहली बार इतना बड़ा रूप ले रहे हैं।


वाराणसी में गंगा नदी के बीच नाव पर आयोजित इफ्तार पार्टी का यह मामला अब एक बड़ा सामाजिक और राजनीतिक मुद्दा बन चुका है। एक ओर जहां पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 14 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है, वहीं दूसरी ओर इस घटना ने धार्मिक संवेदनशीलता, पर्यावरण और कानून व्यवस्था जैसे कई अहम मुद्दों को सामने ला दिया है।

आने वाले दिनों में पुलिस जांच के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि आरोप कितने सही हैं और दोषियों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल यह मामला सोशल मीडिया से निकलकर प्रशासन और कानून के दायरे में पहुंच चुका हैं।

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By abhikk102004

News writer covering stories that matter. Abhi KK

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